अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि पर पटना में राजकीय श्रद्धांजलि समारोह, राज्यपाल और मुख्यमंत्री सहित अनेक गणमान्य उपस्थित
भारत के पूर्व प्रधानमंत्री और ‘भारत रत्न’ अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि के अवसर पर आज पटना के पाटलिपुत्र पार्क में एक भव्य राजकीय समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खां, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, बिहार विधानसभा अध्यक्ष नंद किशोर यादव, स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय, मंत्रिमंडल के अन्य सदस्य तथा कई गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। सभी ने वाजपेयी जी की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी और उनके जीवन व कार्यों को याद किया।
समारोह में उपस्थित सभी नेताओं ने एक स्वर से अटल बिहारी वाजपेयी को भारतीय राजनीति का आदर्श पुरुष बताया और उनके योगदान को नमन किया। राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खां ने कहा कि वाजपेयी जी का राजनीतिक जीवन पारदर्शिता, नैतिकता और मूल्यों पर आधारित रहा। उन्होंने भारतीय लोकतंत्र को नई दिशा देने का कार्य किया और अपनी कूटनीतिक दूरदर्शिता से भारत की पहचान विश्व पटल पर स्थापित की।









मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने श्रद्धांजलि देते हुए कहा, “वाजपेयी जी न केवल एक दूरदर्शी नेता थे बल्कि वे एक प्रखर वक्ता, लेखक और चिंतक भी थे। उनका जीवन हम सभी के लिए मार्गदर्शन का स्रोत है। उन्होंने राजनीति में मूल्यों को सर्वोपरि रखा और हमें यह सिखाया कि सत्ता से बड़ा राष्ट्र और जनता का कल्याण है।”
उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने उन्हें युगपुरुष और राष्ट्रवाद का सच्चा प्रणेता बताया। उन्होंने कहा कि अटल जी का जीवन और उनकी विचारधारा सदैव भारतवासियों को प्रेरणा देती रहेगी। “वाजपेयी जी का योगदान केवल राजनीति तक सीमित नहीं था, बल्कि वे साहित्य, कविता और विचारधारा की दुनिया में भी अद्वितीय थे। उनका जीवन सुशासन, कर्तव्यनिष्ठा और राष्ट्रहित के लिए समर्पित था।”
बिहार विधानसभा अध्यक्ष नंद किशोर यादव ने कहा कि वाजपेयी जी ने राजनीति में शालीनता और संवाद की परंपरा को जीवित रखा। उन्होंने विरोधियों के बीच भी सम्मान अर्जित किया और यही उनकी सबसे बड़ी विशेषता रही। स्वास्थ्य मंत्री मंगल पांडेय ने कहा कि वाजपेयी जी का नेतृत्व भारत को परमाणु शक्ति संपन्न राष्ट्र बनाने और आर्थिक सुधारों की दिशा में निर्णायक कदम उठाने के लिए हमेशा याद किया जाएगा।
समारोह में मौजूद लोगों ने भी अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि वाजपेयी जी की सरलता, सौम्यता और व्यक्तित्व उन्हें जन-जन का नेता बनाती है। वे केवल एक राजनेता ही नहीं बल्कि एक सच्चे कवि और चिंतक थे। उनकी कविताओं और भाषणों ने सदैव राष्ट्रप्रेम की भावना को प्रज्वलित किया।
पाटलिपुत्र पार्क में आयोजित इस राजकीय कार्यक्रम में बड़ी संख्या में नागरिक, छात्र-छात्राएं और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि भी शामिल हुए। सभी ने एकमत होकर कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी का जीवन और उनके आदर्श आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बने रहेंगे।
कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ। उपस्थित लोगों ने संकल्प लिया कि वाजपेयी जी के दिखाए मार्ग पर चलकर वे राष्ट्र निर्माण में अपना योगदान देंगे।
कुल मिलाकर, यह श्रद्धांजलि सभा केवल एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं थी, बल्कि यह राष्ट्र के प्रति वाजपेयी जी के योगदान और उनके आदर्शों को आत्मसात करने का सामूहिक प्रयास था।

